कभी कभी तो कर्मों का हिसाब इतना उलझ जाता है कि…

कभी कभी तो कर्मों का हिसाब
इतना उलझ जाता है
कि इसको सुलझाने में
एक जन्म भी कम पड़ जाता है।

Leave a Reply