वजूद नही किसी चीज का मोहताज

मेरा वजूद नहीं
किसी तलवार और
तख़्त ओ ताज का मोहताज,

मैं अपने हुनर और होंठो की हंसी से
लोगो के दिल पे राज करता हूँ।

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